लोग भूल गए देवरिया जनपद के इस रेलवे स्टेशन का नाम बना खंडहर प्रतिदिन स्टेसन से गुजरती है 100 से ज्यादा ट्रेन

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Reporter • B NEWS UP • ID: BNP-REP
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जैसे-जैसे सुविधा बढ़ रही है वैसे कुछ ऐसे पुराने संसाधन है जिस से लोगों का नाता टूट रहा है मैं बात कर रहा हूं देवरिया जनपद में मौजूद एक रेलवे स्टेशन की जिसका नाम लोग भूलते जा रहे हैं आखिर क्या है वजह।

भारत में एक समय ऐसा था कि एक जगह से दूसरे जगह जाने के लिए आम जनता के पास कोई सुविधा नहीं थी लोग घोड़ा या बैलगाड़ी से कहीं जाना होता था तो जाते थे। ज्यादातर लोग पैदल चलते थे लेकिन धीरे-धीरे जब सुविधा बढगई तो लोगों ने घुड़सवार और बैलगाड़ी को भूल गए, अब लोग मारुति कर मोटर से कहीं आना-जाना करते हैं, लंबी दूरी के लिए लोग एयरप्लेन या रेलवे का प्रयोग करते हैं। सन 2000 से पहले बड़े शहरों में जाने के लिए देवरिया के ज्यादातर लोग रेलवे का प्रयोग करते थे लेकिन अब उनका जगह दोपहिया वाहन और चार पहिया वाहन ले लिया है, देवरिया में कुछ ऐसे रेलवे स्टेशन है जो अब यात्रियों की राह देख रहा है।

मैं बात कर रहा हूं देवरिया जनपद में मौजूद अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन की अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन एक ऐसा रेलवे स्टेशन था सन 2000 के पहले लोकल ट्रेन में बैठने के लिए सैकड़ो लोग स्टेशन पर पहुंचते थे, लेकिन बदलते समय में अब अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन वीरान हो गया है, यहां तक की लोग अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन का नाम भी भूलते जा रहे हैं।

Ahilyapur railway station: अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन देवरिया जनपद में एक प्रसिद्ध रेलवे स्टेशन के रूप में पहचाना जाता रहा है, लेकिन बदलते समय में अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन पर ना तो कोई एक्सप्रेस ट्रेन रूकती है ना ही कोई यात्री एक्सप्रेस ट्रेन का इंतजार करता है क्योंकि अहिल्यापुर से नजदीक देवरिया सदर रेलवे स्टेशन मौजूद है, ज्यादातर लोग देवरिया सदर से ही ट्रेन पकड़ते हैं और अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन पर केवल लोकल ट्रेन ही रुकती है, जिस वजह से यात्री बहुत कम पहुंचते हैं, अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन पर अधिकतम 10 लोग लोकल ट्रेन में बैठने वाले मिलते हैं।

क्योंकि अब धीरे-धीरे लोगों के पास अधिक सुविधा हो गया है| पहले यह सुविधा नहीं थी
जिस वजह से अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन के आसपास के गांव के लोग आकर अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन से ट्रेन पकड़ते थे लेकिन अब वह अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन पर ना आकर देवरिया सदर रेलवे स्टेशन पहुंचते हैं और अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन का नाम भी भूलते जा रहे हैं, इसी वजह से अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन का अस्तित्व धीरे-धीरे खत्म हो रहा है, रेलवे के द्वारा जिस रेलवे स्टेशन पर ज्यादा यात्री यात्रा करते हैं उस रेलवे स्टेशन का विकास किया जाता है, यही वजह है कि अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन अपेक्षा का शिकार हो गया है।

जहां किसी तरह की कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है जरूरत है अहिल्यापुर रेलवे स्टेशन पर एक्सप्रेस ट्रेनों की ठहराव की जिसे रेलवे स्टेशन पर यात्री पहुंचेंगे और क्षेत्र के लोगों को सुविधा होगी लंबी दूरी की ट्रेन रुकने से आसपास के गांव के लोगों को देवरिया सदर रेलवे स्टेशन नहीं जाना पड़ेगा।

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