रांची के JSCA इंटरनेशनल स्टेडियम में भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का पहला मुकाबला आज बेहद रोमांचक माहौल में खेला जा रहा है। भारतीय कप्तान KL राहुल ने टीम में नए संयोजन के साथ उतरते हुए स्पष्ट कर दिया कि यह सीरीज सिर्फ जीत नहीं, बल्कि एक दमदार बयान साबित होगी। टॉस दक्षिण अफ्रीका ने जीता और गेंदबाज़ी का फैसला किया, लेकिन भारतीय बल्लेबाज़ों ने इस निर्णय को गलत साबित करने में कोई कसर नहीं छोड़ी।

रोहित–कोहली की ऐतिहासिक साझेदारी
भारतीय पारी की शुरुआत भले ही धीमी रही हो, लेकिन जैसे ही रोहित शर्मा और विराट कोहली क्रीज़ पर जमे, मैच का रुख बदल गया। दोनों दिग्गजों ने मिलकर 136 रनों की मजबूत साझेदारी की, जिसने टीम को बड़े स्कोर की राह दिखा दी।
रोहित शर्मा ने अपने पुराने अंदाज में खेलते हुए मात्र 43 गेंदों में 57 रन बनाए। उनकी पारी में चौकों और छक्कों की झड़ी ने स्टेडियम का माहौल गर्म कर दिया। रोहित के आउट होने के बाद भी टीम की गति धीमी नहीं हुई।
दूसरी ओर विराट कोहली ने अपने क्लासिक अंदाज में शानदार शतक जड़ा। उन्होंने 102 गेंदों में 135 रन की शानदार पारी खेली, जिसमें बेहतरीन टाइमिंग, ग्राउंड शॉट्स और ताकतवर छक्कों का बेहतरीन मिश्रण देखने को मिला। रांची की पिच पर कोहली का यह प्रदर्शन दर्शाता है कि वह अभी भी वनडे प्रारूप में टीम के सबसे भरोसेमंद खिलाड़ी हैं।
मध्यक्रम ने संभाली पारी
रोहित के आउट होने के बाद एक समय लगा कि भारत की गति पर असर पड़ेगा, लेकिन श्रेयस अय्यर, राहुल और दूसरे बल्लेबाज़ों ने मिलकर पारी को संभाला। KL राहुल ने बड़े शॉट खेलने के साथ-साथ स्ट्राइक रोटेट कर टीम को आगे बढ़ाया। अंतिम ओवरों में भारतीय बल्लेबाज़ों ने रनगति बढ़ाते हुए स्कोर को मजबूत स्थिति में पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
दक्षिण अफ्रीका के गेंदबाज़ों पर भारी पड़ी भारतीय बल्लेबाज़ी
दक्षिण अफ्रीका की गेंदबाज़ी शुरुआत में प्रभावी दिखी, लेकिन जैसे-जैसे पारी आगे बढ़ी, भारतीय बल्लेबाज़ों ने दबदबा स्थापित कर दिया। तेज गेंदबाज़ों को खास मदद नहीं मिली और स्पिनर भी कोहली–रोहित की जोड़ी के आगे ज्यादा असरदार नहीं दिखे। नतीजतन भारत ने निर्धारित 50 ओवरों में विशाल स्कोर खड़ा कर दिया।
अब दक्षिण अफ्रीका की परीक्षा
350 के आसपास का लक्ष्य वनडे क्रिकेट में कभी भी आसान नहीं होता, चाहे पिच बल्लेबाज़ी के लिए अनुकूल ही क्यों न हो। दक्षिण अफ्रीका की टीम में अनुभवी बल्लेबाज़ जरूर हैं, लेकिन भारतीय स्पिनरों और तेज़ गेंदबाज़ों के सामने यह चुनौती आसान नहीं होगी।
कप्तान KL राहुल मैदान में काफी सक्रिय दिख रहे हैं, और गेंदबाज़ों को सही लाइन–लेंथ पर ध्यान देने की लगातार सलाह दे रहे हैं। पावरप्ले में विकेट निकालना भारत के लिए बेहद जरूरी होगा।
मुकाबला रोमांचक मोड़ पर
पहला मैच होने के कारण दोनों टीमों के लिए मनोवैज्ञानिक बढ़त भी काफी मायने रखती है। भारत जहां घरेलू परिस्थितियों में मजबूत दिख रही है, वहीं दक्षिण अफ्रीका की टीम भी वापसी करने की क्षमता रखती है।
रांची के दर्शक भी ऐतिहासिक मैच देखने की उम्मीद में उत्साहित हैं।


