देवरिया जनपद के लार थाना क्षेत्र के एक गांव में गुरुवार को शादी समारोह उस समय विवाद में बदल गया जब जयमाला और बारातियों के भोजन के बाद चल रही रस्मों के दौरान सोने के गहनों को लेकर वर-वधू पक्ष आमने-सामने आ गए। मामला इतना बढ़ गया कि वर पक्ष को डायल 112 पर फोन कर पुलिस बुलानी पड़ी। अंततः दोनों पक्षों के बीच सुलहनामा हुआ और बारात बिना दुल्हन के ही वापस लौट गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, लार थाना क्षेत्र के एक गांव में गुरुवार को विवाह समारोह आयोजित था। शादी की शुरुआती रस्में शांतिपूर्वक संपन्न हो चुकी थीं। जयमाला की रस्म पूरी हो गई थी और इसके बाद बारातियों को भोजन भी कराया जा चुका था। शादी समारोह पूरी तरह सामान्य चल रहा था और इसके बाद गुरु हथन की रस्म शुरू हुई।
इसी दौरान वधू पक्ष द्वारा दिए गए सोने के गहनों को लेकर विवाद खड़ा हो गया। वर पक्ष का आरोप था कि शादी में दिए गए कुछ सोने के जेवर नकली हैं। इस बात को लेकर पहले दोनों पक्षों में बहस हुई, जो धीरे-धीरे तीखी नोक-झोंक में बदल गई। देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया और शादी की खुशियां विवाद में बदल गईं।
वर पक्ष का कहना था कि शादी की सभी मुख्य रस्में पूरी हो चुकी हैं, इसके बावजूद वधू पक्ष दुल्हन की विदाई नहीं कर रहा है। विवाद बढ़ता देख वर पक्ष ने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस से मदद मांगी। सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची और हालात को काबू में लिया।
पुलिस ने दोनों पक्षों को अलग-अलग बैठाकर समझाने का प्रयास किया और विवाद की वजह जानी। काफी देर तक चली बातचीत के बावजूद दोनों पक्ष किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सके। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने शांति बनाए रखने के लिए दोनों पक्षों के बीच सुलहनामा कराने की पहल की।
अंततः दोनों पक्षों की आपसी सहमति से सुलहनामा कराया गया। इसके बाद वर पक्ष बिना दुल्हन को लिए ही बारात वापस अपने घर लौट गया। घटना के बाद दुल्हन के घर विदाई के लिए तैयार किया गया सारा सामान घर के बाहर दरवाजे पर ही रखा रह गया।
इस मामले में लार थाना अध्यक्ष राकेश सिंह ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में आया था। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों से बातचीत की और उनकी सहमति से सुलहनामा करवा दिया गया है। फिलहाल किसी भी पक्ष की ओर से कोई लिखित तहरीर नहीं दी गई है।
घटना के बाद क्षेत्र में इस शादी को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है। लोग शादी समारोहों में गहनों और लेन-देन को लेकर बढ़ते विवादों पर सवाल उठा रहे हैं। खुशी के मौके पर हुए इस विवाद ने दोनों परिवारों को सामाजिक और मानसिक रूप से परेशान कर दिया।

